आईपीएल 2026 में मुंबई इंडियंस (MI) की लगातार हार और गेंदबाजी आक्रमण की विफलता ने क्रिकेट जगत में नई बहस छेड़ दी है। विशेष रूप से दिग्गज तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह का विकेट के लिए तरसना हर किसी को हैरान कर रहा है। इस मुद्दे पर अब भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने अपनी चुप्पी तोड़ी है और इसके लिए बुमराह से ज्यादा कप्तान हार्दिक पांड्या की रणनीतियों को जिम्मेदार ठहराया है।
बुमराह के विकेट न मिल पाने का असली कारण
अश्विन ने अपने विश्लेषण में स्पष्ट किया कि बुमराह की लय में कोई कमी नहीं है, बल्कि विपक्षी बल्लेबाज उनके खिलाफ एक सोची-समझी रणनीति के तहत खेल रहे हैं।
- बल्लेबाजों का डर: अश्विन के अनुसार, “बल्लेबाज अब बुमराह के खिलाफ रिस्क नहीं ले रहे हैं। वे उनके 4 ओवरों को बिना विकेट खोए निकालने का लक्ष्य रखते हैं और बाकी गेंदबाजों पर हमला बोल रहे हैं।”
- सपोर्ट की कमी: जब दूसरे छोर से दबाव नहीं बनता, तो बल्लेबाज बुमराह को सम्मान देकर आसानी से खेल लेते हैं। बुमराह विकेट तब लेते हैं जब बल्लेबाज उन पर प्रहार करने की कोशिश करता है।
हार्दिक पांड्या की कप्तानी पर सवाल
अश्विन ने मुंबई इंडियंस के कप्तान हार्दिक पांड्या के फैसलों की भी कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि गेंदबाजी रोटेशन और फील्ड सेटिंग में भारी खामियां हैं।
- बुमराह का गलत इस्तेमाल: अश्विन का तर्क है कि हार्दिक बुमराह को पावरप्ले में देर से ला रहे हैं या उनके ओवरों को सही समय पर इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं।
- दबाव बनाने में विफलता: अश्विन ने कहा, “एक कप्तान के तौर पर आपको यह सुनिश्चित करना होता है कि बुमराह के साथ कौन गेंदबाजी करेगा। अगर विपक्षी टीम को पता है कि दूसरे छोर से रन आसानी से मिलेंगे, तो वे बुमराह को क्यों छेड़ेंगे?”
मुंबई इंडियंस के लिए खतरे की घंटी
मुंबई इंडियंस फिलहाल अंक तालिका में सबसे निचले पायदानों पर है। टीम की गेंदबाजी इकाई बुमराह पर अत्यधिक निर्भर है, लेकिन जब मुख्य गेंदबाज को ही विकेट नहीं मिल रहे, तो पूरी टीम का मनोबल गिर रहा है।
अश्विन का मुख्य बयान: “बुमराह को विकेट इसलिए नहीं मिल रहे क्योंकि वह बहुत ज्यादा अच्छे हैं। बल्लेबाज उनके खिलाफ ‘सर्वाइवल मोड’ में चले जाते हैं। हार्दिक को अपनी कप्तानी में सुधार करना होगा और बुमराह का उपयोग ऐसे समय पर करना होगा जहां बल्लेबाज शॉट खेलने पर मजबूर हो।”
आरसीबी के खिलाफ पिछले मैच में भी बुमराह किफायती तो रहे, लेकिन विकेट का कॉलम खाली रहा। अब देखना यह है कि क्या हार्दिक पांड्या अश्विन की इस सलाह पर गौर करते हुए आगामी मैचों में बुमराह के उपयोग की रणनीति में बदलाव करते हैं या नहीं।


