अयोध्या के भव्य राम मंदिर में वीआईपी पास और विशेष पूजा के नाम पर हुए करोड़ों रुपये के चढ़ावा घोटाले का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। इस महाघोटाले पर अब बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता और ‘शक्तिमान’ फेम मुकेश खन्ना का भी गुस्सा फूट पड़ा है। उन्होंने इस कृत्य की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए देश के करोड़ों भक्तों से मंदिरों में नकद और आभूषणों का चढ़ावा देना पूरी तरह बंद करने की अपील की है।
‘चोर, डाकू और बेईमान से भी ऊपर हैं चढ़ावा लूटने वाले’
मुकेश खन्ना ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक बेहद तीखी पोस्ट साझा करते हुए अपनी भड़ास निकाली है। उन्होंने लिखा:
“क्या आप जानते हैं, मंदिरों में आपका नकदी चढ़ावा, भगवान तक नहीं पहुंचता। बीच में कहीं खो जाता है। लूट मची पड़ी है। कहावत है ना, ‘लूट सके तो लूट’। और लूटने वाले यहां भरे पड़े हैं। मैंने एक बार कहा था— भरे पड़े हैं चोर, डाकू और बेईमान, फिर भी मेरा देश है महान। लेकिन इन चढ़ावा लूटने वालों को मैं क्या नाम दूं? चोर, डाकू या बेईमान? इनमें से कोई नहीं। क्योंकि ये इन सबसे ऊपर हैं। ये भक्तों को ही नहीं, भगवान को भी लूट रहे हैं।”
मुकेश खन्ना की भक्तों से अपील: ‘ना चढ़ेगा चढ़ावा, ना होगा घोटाला’
अभिनेता ने इस तरह के घोटालों को हमेशा के लिए रोकने के लिए एक बड़ा और कड़ा सुझाव दिया है। उन्होंने ‘ना रहेगा बांस, ना बजेगी बांसुरी’ की कहावत का जिक्र करते हुए भक्तों को सलाह दी है:
- चढ़ावा चढ़ाना करें बंद: मुकेश खन्ना ने लिखा कि भक्तों को मंदिरों में चढ़ावा चढ़ाना पूरी तरह बंद कर देना चाहिए।
- पैसों और गहनों पर रोक: उन्होंने विशेष रूप से आग्रह किया है कि श्रद्धालु नकदी (पैसों) और सोने-चांदी के गहनों का चढ़ावा बिल्कुल न चढ़ाएं।
- भगवान खुश होंगे: उनका मानना है कि यदि लोग ऐसा करेंगे, तो “ना चढ़ेगा चढ़ावा, ना होगा घोटाला” और इससे स्वयं भगवान भी खुश होंगे।
पृष्ठभूमि: क्या है पूरा मामला?
यह विवाद तब सामने आया जब अयोध्या पुलिस ने राम मंदिर ट्रस्ट के कुछ कर्मचारियों और बाहरी तत्वों द्वारा ऑनलाइन व ऑफलाइन माध्यम से वीआईपी दर्शन के नाम पर फर्जी रसीदें जारी कर करोड़ों रुपये के गबन का भंडाफोड़ किया। इस घोटाले के बाद से ही स्थानीय स्तर पर भी भारी आक्रोश है। फैजाबाद बार एसोसिएशन ने चंपत राय और अन्य पदाधिकारियों से इस्तीफे की मांग की है और वकीलों ने कोर्ट परिसर में आरोपियों का केस न लड़ने व एक बड़े आंदोलन की चेतावनी दी है। अब मुकेश खन्ना के इस बयान ने इस मुद्दे को सोशल मीडिया पर एक नई राष्ट्रीय बहस में बदल दिया है।


