किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित 26वें शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत के लिए रवाना हो गए हैं। चार दिवसीय मध्य एशियाई दौरे के अंतिम चरण में पीएम मोदी ने एससीओ के मंच से आतंकवाद, क्षेत्रीय सुरक्षा, सप्लाई चेन और वैश्विक शांति जैसे वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर भारत का रुख मजबूती से रखा।
शिखर सम्मेलन के समापन पर पीएम मोदी, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन सहित सभी सदस्य देशों के नेताओं ने संयुक्त बिश्केक घोषणा पत्र पर हस्ताक्षर किए।
पीएम मोदी के संबोधन के प्रमुख बिंदु:
- आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख: प्रधानमंत्री मोदी ने साफ शब्दों में कहा कि आतंकवाद पूरी मानवता के लिए गंभीर खतरा है। इसके खिलाफ लड़ाई में दोहरे मापदंड (Double Standards) बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि आतंकवाद को सरकारी नीति के साधन के रूप में इस्तेमाल करने वाले और आतंकियों को सुरक्षित पनाह देने वाले देशों को स्पष्ट संदेश दिया जाना चाहिए।
- पश्चिम एशिया संकट और ऊर्जा सुरक्षा: पीएम मोदी ने पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष पर चिंता जताते हुए कहा कि आज की जुड़ी हुई दुनिया में क्षेत्रीय तनाव का सीधा असर वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा, समुद्री व्यापार और सप्लाई चेन पर पड़ता है, जिसका सबसे बड़ा खमियाजा ‘ग्लोबल साउथ’ को भुगतना पड़ता है। उन्होंने दोहराया कि समस्याओं का हल युद्ध से नहीं, बल्कि कूटनीति और बातचीत से ही संभव है।
- अफगानिस्तान में शांति: यूरेशियन क्षेत्र में स्थिरता के लिए पीएम मोदी ने अफगानिस्तान में शांति को बेहद आवश्यक बताया और कहा कि भारत अफगान लोगों को मानवीय सहायता और विकास सहयोग जारी रखेगा।
- नशीले पदार्थों की तस्करी पर प्रहार: ड्रग्स की तस्करी को केवल अपराध न मानकर क्षेत्रीय सुरक्षा और युवाओं के भविष्य के लिए खतरा बताते हुए पीएम मोदी ने इसके खिलाफ साझा कार्रवाई पर जोर दिया।
द्विपक्षीय मुलाकातें और कूटनीतिक चर्चाएं:
- रूस (राष्ट्रपति पुतिन): पीएम मोदी और राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच हुई द्विपक्षीय बैठक में भारत-रूस विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने, ऊर्जा, उर्वरक, रक्षा और अंतरिक्ष क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर विस्तृत चर्चा हुई।
- ईरान (राष्ट्रपति पेजेश्कियन): हालिया क्षेत्रीय तनाव के बीच पीएम मोदी ने ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन से भी मुलाकात की। दोनों नेताओं के बीच चाबहार पोर्ट, ऊर्जा सुरक्षा और समुद्री मार्गों पर स्वतंत्र आवाजाही को लेकर अहम चर्चा हुई।
अपनी यात्रा के सफल समापन पर पीएम मोदी ने किर्गिज राष्ट्रपति सादिर जापारोव और किर्गिस्तान की जनता को शानदार मेजबानी के लिए धन्यवाद दिया।


