रूस और यूक्रेन के बीच चल रहा युद्ध एक बार फिर बेहद हिंसक और विनाशकारी मोड़ पर पहुंच गया है। रूस ने यूक्रेन की राजधानी कीव पर अब तक का सबसे भीषण और बड़ा बैलिस्टिक मिसाइल हमला किया है। इस हमले के बाद पूरी राजधानी दहल उठी है और कई इलाकों में भारी तबाही का मंजर देखा जा रहा है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने इस हमले की पुष्टि करते हुए इसे कीव पर रूस का अब तक का सबसे बड़ा बैलिस्टिक मिसाइल हमला करार दिया है।
एक घंटे में दागीं दर्जनों मिसाइलें और ड्रोन
राष्ट्रपति जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर तबाही की तस्वीरें और विवरण साझा करते हुए बताया कि रूस ने इस हमले में अलग-अलग तरह की लगभग 40 मिसाइलें दागीं और 120 से अधिक आत्मघाती ड्रोन का इस्तेमाल किया। यूक्रेनी सैन्य अधिकारियों के अनुसार, रूसी सेना ने कीव को निशाना बनाने के लिए इस्कंदर-एम (Iskander-M) बैलिस्टिक मिसाइलों और बेहद खतरनाक हाइपरसोनिक जिरकॉन (Zirkon) मिसाइलों का इस्तेमाल किया है।
यह हमला शनिवार-रविवार की दरमियानी रात करीब 1:30 बजे शुरू हुआ। जैसे ही हवाई हमले का सायरन बजा, वैसे ही पूरा शहर धमाकों की गूंज से हिल गया। अधिकारियों के मुताबिक, महज एक घंटे के भीतर दर्जनों मिसाइलें शहर के रिहायशी और प्रशासनिक इलाकों में आ गिरीं।
कीव में भारी तबाही और जनहानि
इस भीषण हवाई हमले के कारण कीव के ऐतिहासिक और घने रिहायशी इलाकों में बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक:
- जान-माल का नुकसान: हमले में कम से कम 1 नागरिक की मौत हो गई है, जबकि 16 अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
- इमारतों में लगी आग: मध्य कीव के शेवचेंकिव्स्की जिले में एक तीन मंजिला प्रशासनिक इमारत पर मिसाइल का मलबा गिरने से भीषण आग लग गई। इसके अलावा सोलोमियंस्की सहित चार अन्य जिलों में रिहायशी इमारतों, दफ्तरों और एक छात्रावास (डॉर्मिटरी) को भारी नुकसान पहुंचा है।
- बचाव कार्य जारी: मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए आपातकालीन सेवाएं और बचाव दल लगातार काम कर रहे हैं।
यूक्रेन के पास ‘पैट्रियट’ मिसाइलों की कमी
राष्ट्रपति जेलेंस्की ने वैश्विक समुदाय और विशेषकर अमेरिका से एक बार फिर उन्नत वायु रक्षा प्रणाली (Air Defense Systems) की मांग की है। यूक्रेन इस समय अमेरिका द्वारा दी गई पैट्रियट (Patriot) एयर डिफेंस मिसाइलों की भारी कमी से जूझ रहा है।
“बैलिस्टिक मिसाइलों से सुरक्षा हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है। रूस की इन बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकने के लिए हमें हर दिन इंटरसेप्टर मिसाइलों की जरूरत है। हमारे सहयोगियों द्वारा भेजी जा रही सैन्य मदद सचमुच हर हमले के दौरान नागरिकों की जान बचा रही है।” – वोलोडिमिर जेलेंस्की
विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला यूक्रेन द्वारा हाल ही में रूसी तेल ठिकानों और सैन्य ठिकानों पर किए गए ड्रोन हमलों का पुतिन की सेना द्वारा लिया गया एक बड़ा बदला है। इस ताज़ा हमले ने यूक्रेन की रक्षा तैयारियों और पश्चिमी देशों से मिलने वाली सैन्य सहायता की गति पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।


