हाराष्ट्र में आगामी 15 जनवरी को होने वाले नगर निकाय और बीएमसी (BMC) चुनावों से पहले राज्य की राजनीति में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। मतदान से पहले ही सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन के 68 उम्मीदवारों ने निर्विरोध जीत हासिल कर ली है, जिसने विपक्षी खेमे में हलचल मचा दी है।
निर्विरोध जीत का गणित
नामांकन वापसी के आखिरी दिन (2 जनवरी) की प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह साफ हो गया कि कई वार्डों में प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवारों के न होने या नामांकन रद्द होने के कारण महायुति ने बढ़त बना ली है:
- भाजपा का दबदबा: निर्विरोध चुने गए 68 उम्मीदवारों में से अकेले भाजपा के 44 प्रत्याशी शामिल हैं।
- शिवसेना और राकांपा: मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के 22 और उपमुख्यमंत्री अजीत पवार की NCP के 2 उम्मीदवार भी निर्विरोध जीते हैं।
- प्रमुख क्षेत्र: सबसे अधिक निर्विरोध जीत ठाणे (कल्याण-डोंबिवली) से हुई है, जहाँ भाजपा के 15 उम्मीदवार बिना मुकाबले के जीत गए। इसके अलावा पुणे, पिंपरी-चिंचवड़, पनवेल और अहिल्यानगर में भी पार्टी ने जीत दर्ज की है।
राज्य निर्वाचन आयोग (SEC) की जांच
इतनी बड़ी संख्या में सत्तापक्ष के उम्मीदवारों के निर्विरोध चुने जाने पर विपक्षी दलों ने गंभीर सवाल उठाए हैं। विपक्ष का आरोप है कि उम्मीदवारों पर दबाव डालकर उनके नामांकन वापस कराए गए हैं।
- रिपोर्ट तलब: राज्य निर्वाचन आयोग ने उन सभी नगर निकायों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है जहाँ उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए हैं।
- जांच का आधार: आयोग इस बात की पड़ताल करेगा कि क्या नामांकन वापस लेने के लिए विपक्षी उम्मीदवारों को प्रलोभन दिया गया या उन पर राजनीतिक दबाव डाला गया।
- पारदर्शिता: आयोग का कहना है कि वे स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सभी तकनीकी कारणों और शिकायतों की समीक्षा करेंगे।
विपक्षी गठबंधन (MVA) की प्रतिक्रिया
महा विकास अघाड़ी (MVA) ने इसे ‘लोकतंत्र की हत्या’ करार दिया है। संजय राउत और अन्य विपक्षी नेताओं का दावा है कि सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर विरोधियों को मैदान से बाहर किया गया है। वहीं, भाजपा प्रवक्ता केशव उपाध्याय ने इसे प्रधानमंत्री मोदी और महायुति के काम पर जनता के भरोसे की जीत बताया है।
महत्वपूर्ण तिथि: इन सभी नगर निकायों और बीएमसी के लिए मतदान 15 जनवरी को होगा और परिणाम 16 जनवरी 2026 को घोषित किए जाएंगे। 2026 के चुनावों के लिए बीएमसी में कुल 227 निर्वाचन वार्ड (Electoral Wards) हैं।


