कोलंबो टेस्ट में जीत हाथ से निकलने के बावजूद भारतीय क्रिकेट टीम के लिए विश्व टेस्ट चैंपियनशिप यानी WTC फाइनल की राह बंद नहीं हुई है। श्रीलंका के खिलाफ दूसरा टेस्ट ड्रॉ रहने से भारत को पूरे अंक तो नहीं मिले, लेकिन कप्तान शुभमन गिल भविष्य को लेकर आशावादी हैं। उनका मानना है कि टीम यदि आगामी न्यूजीलैंड दौरे और घरेलू मैदान पर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मजबूत प्रदर्शन करती है, तो फाइनल की दौड़ में मजबूती से बनी रह सकती है।
भारत ने श्रीलंका के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज 1-0 से जीती, लेकिन कोलंबो में दूसरा मुकाबला जीतने का बड़ा मौका हाथ से निकल गया। आखिरी दिन भारत को चार विकेट की जरूरत थी, जबकि श्रीलंका के निचले क्रम ने शानदार संघर्ष करते हुए मैच बचा लिया। इस ड्रॉ का असर WTC अंक तालिका पर पड़ा और भारत की स्थिति कुछ कठिन जरूर हुई है। रिपोर्टों के मुताबिक, टीम फिलहाल पांचवें स्थान पर है और अब आगे के मुकाबलों में जीत का महत्व काफी बढ़ गया है।
गिल को भरोसा, आगे की चुनौती पर नजर
मैच के बाद शुभमन गिल ने कहा कि टीम को अपनी स्थिति को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है। कप्तान का फोकस अब अगले सात टेस्ट मैचों पर है, जिनमें न्यूजीलैंड के खिलाफ दो मुकाबले और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच टेस्ट शामिल हैं। गिल का मानना है कि यदि भारत इन सीरीज में लगातार अच्छा प्रदर्शन करता है, तो WTC फाइनल के लिए जरूरी स्थिति बनाई जा सकती है।
विशेषज्ञों के आकलन में भारत को शेष सात टेस्ट में कम से कम छह जीत के आसपास पहुंचने की जरूरत पड़ सकती है, ताकि उसका अंक प्रतिशत शीर्ष दो में जगह बनाने लायक मजबूत रहे। हालांकि अंतिम समीकरण दूसरे देशों के नतीजों पर भी निर्भर करेगा। इसलिए भारत के लिए हर टेस्ट अब WTC अभियान के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
कोलंबो ड्रॉ से मिली चेतावनी
श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट ने भारतीय टीम को एक अहम सबक भी दिया। मैच पर लंबे समय तक नियंत्रण रखने के बावजूद भारत जीत हासिल नहीं कर सका। श्रीलंका के बल्लेबाजों ने दूसरी पारी में जबरदस्त धैर्य दिखाया और निचले क्रम की साझेदारियों ने भारतीय गेंदबाजों को सफलता से दूर रखा। कप्तान गिल ने भी माना कि मुकाबला जीतने के लिए टीम ने पूरा प्रयास किया, लेकिन विपक्षी बल्लेबाजों की जुझारू पारी ने परिणाम बदल दिया।
अब न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया असली परीक्षा
भारत की अगली बड़ी चुनौती न्यूजीलैंड दौरा होगा। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच टेस्ट की घरेलू सीरीज टीम के WTC भविष्य को काफी हद तक तय कर सकती है। गिल की युवा टीम के सामने अब केवल अच्छा क्रिकेट खेलना ही नहीं, बल्कि जीत को लगातार अंजाम तक पहुंचाना भी जरूरी होगा।
कुल मिलाकर, कोलंबो का ड्रॉ भारत के लिए झटका जरूर है, लेकिन WTC फाइनल का सपना अभी जिंदा है। शुभमन गिल और उनकी टीम का आगे का मंत्र साफ है—आने वाले टेस्ट में अधिकतम जीत दर्ज करो, अंक प्रतिशत मजबूत रखो और बाकी समीकरणों पर निर्भर रहने की नौबत कम से कम आने दो।


