देशभर में मानसूनी गतिविधियों ने एक बार फिर तेजी पकड़ ली है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने उत्तर भारत से लेकर पूर्वोत्तर के कई राज्यों के लिए भारी बारिश, तूफानी हवाओं और वज्रपात का अलर्ट जारी किया है।
यूपी-बिहार में तूफानी हवाएं और भारी बारिश
उत्तर प्रदेश और बिहार में मानसून का प्रकोप जारी है। मौसम विभाग के अनुसार, दोनों राज्यों के अधिकांश जिलों में मूसलाधार बारिश के साथ 50 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने की आशंका है। यूपी के लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, गोरखपुर और पश्चिमी जिलों में तेज आंधी के साथ बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। वहीं, बिहार के पटना, गया, भागलपुर और सीमांचल के इलाकों में भीषण जलभराव और नदी-नालों के उफान पर आने का खतरा बढ़ गया है।
ओडिशा से मेघालय तक बादलों की गरज
बंगाल की खाड़ी और तटीय क्षेत्रों में बने चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) के कारण ओडिशा, पश्चिम बंगाल, असम और मेघालय में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है। पूर्वोत्तर राज्यों में खासकर पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन (Landslide) और तेज हवाओं के चलते अलर्ट पर रहने की सलाह दी गई है। ओडिशा के तटीय इलाकों में समुद्र में ऊंची लहरें उठने की संभावना के चलते मछुआरों को गहरे पानी में न जाने का निर्देश दिया गया है।
मध्य प्रदेश का मौसम
मध्य प्रदेश में भी साइक्लोनिक सिस्टम के प्रभाव से ग्वालियर-चंबल अंचल, रीवा, सागर और जबलपुर संभाग में बारिश का दौर तेज होगा। अगले कुछ दिनों में कई इलाकों में मध्यम से भारी बौछारें पड़ने की संभावना है, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि तेज आंधी और बारिश के दौरान बिजली के खंभों, बड़े पेड़ों और जलभराव वाले निचले इलाकों से दूर रहें।


