अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के ‘डी कंपनी’ (D-Company) नेटवर्क के खिलाफ दिल्ली पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने दाऊद इब्राहिम के बेहद करीबी माने जाने वाले गैंगस्टर हुजैफा (Huzaifa) को गिरफ्तार कर लिया है। इस हाई-प्रोफाइल गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियों को उम्मीद है कि भारत में सक्रिय अंडरवर्ल्ड के स्लीपर सेल्स, टेरर फंडिंग और जबरन वसूली (Extortion) के नेटवर्क से जुड़ी कई गहरी परतें खुल सकती हैं।
दिल्ली और देश के अन्य हिस्सों में फैला था जाल
- स्पेशल सेल की बड़ी कार्रवाई: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल पिछले काफी समय से देश की राजधानी और उसके आसपास के इलाकों में अंडरवर्ल्ड से जुड़े संदिग्धों पर नजर रख रही थी। एक सटीक सूचना के आधार पर जाल बिछाकर हुजैफा को दबोचा गया, जो लंबे समय से एजेंसियों की रडार पर था।
- डी कंपनी के लिए करता था काम: शुरुआती जांच के अनुसार, हुजैफा सीधे तौर पर पाकिस्तान या खाड़ी देशों में बैठे डी-कंपनी के आकाओं के संपर्क में था। भारत में बैठे-बैठे व्यापारियों को धमकाना, जबरन वसूली करना और हवाला (Hawala) के जरिए पैसों को ठिकाने लगाना उसकी मुख्य जिम्मेदारियों में शामिल था।
- टेरर-क्राइम सिंडिकेट का पर्दाफाश: पुलिस को अंदेशा है कि हुजैफा के जरिए वसूला गया पैसा देश विरोधी गतिविधियों और दिल्ली-एनसीआर में हथियारों की सप्लाई के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था। इस गिरफ्तारी से अंडरवर्ल्ड और स्थानीय गैंगस्टरों के बीच के गठजोड़ का भी पता चल सकता है।
अंडरवर्ल्ड की परतें खुलने की उम्मीद: सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि हुजैफा से होने वाली पूछताछ में यह साफ हो जाएगा कि मौजूदा समय में दाऊद का नेटवर्क भारत में किन नए चेहरों के जरिए ऑपरेट हो रहा है। इसके जरिए आने वाले दिनों में कुछ और बड़ी गिरफ्तारियां संभव हैं।
फिलहाल, दिल्ली पुलिस हुजैफा को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है। रिमांड के दौरान पुलिस उसके मोबाइल डेटा, कॉल रिकॉर्ड्स और वित्तीय लेन-देन के खातों को खंगालेगी ताकि डी-कंपनी के पूरे सिंडिकेट को ध्वस्त किया जा सके।


