प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया और सार्वजनिक संदेशों के माध्यम से देशवासियों को आत्मविश्वास (Self-Confidence) की शक्ति का महत्व समझाया। यह संदेश विशेष रूप से भारत-अमेरिका के बीच हुए ऐतिहासिक ट्रेड डील (Trade Deal) और बजट सत्र की शुरुआत की पृष्ठभूमि में आया है।
पीएम मोदी के संदेश के मुख्य बिंदु:
- विकसित भारत का आधार: पीएम ने कहा कि आत्मविश्वास वह शक्ति है जिससे सब कुछ संभव है। ‘विकसित भारत 2047’ के सपने को पूरा करने के लिए नागरिकों का खुद पर और देश की क्षमताओं पर भरोसा होना अनिवार्य है।
- संस्कृत सुभाषितम का संदेश: प्रधानमंत्री ने एक श्लोक साझा किया: “श्रीर्मङ्गलात् प्रभवति प्रागल्भ्यात् सम्प्रवर्धते। दाक्ष्यात् तु कुरुते मूलं संयमात् प्रतितिष्ठति॥” इसका अर्थ है कि लक्ष्मी (संपत्ति) शुभ कार्यों से आती है, साहस और आत्मविश्वास से बढ़ती है, दक्षता (skill) से स्थिर होती है और संयम (अनुशासन) से सुरक्षित रहती है।
- आर्थिक संप्रभुता: भारत-यूएस ट्रेड डील के बाद, जिसमें भारतीय सामानों पर टैरिफ कम होकर 18% रह गया है, पीएम का संदेश भारतीय निर्माताओं को वैश्विक बाजार में उतरने के लिए प्रोत्साहित करना है।
- युवाओं के लिए प्रेरणा: प्रधानमंत्री ने “Ambitious India” और “Aspirational Youth” का जिक्र करते हुए युवाओं को रिस्क लेने और नवाचार (Innovation) करने का आह्वान किया है।
- सुधारों का आत्मविश्वास: सरकार का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में किए गए नीतिगत सुधारों (Reform, Perform, Transform) ने देश में एक ऐसा वातावरण तैयार किया है जहाँ अब “लंबी समस्याओं” के बजाय “दीर्घकालिक समाधानों” पर ध्यान दिया जा रहा है।


