पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) 2026 के शुरू होने से ठीक पहले बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) एक बड़ी कशमकश में फंस गया है। बोर्ड ने अपने खिलाड़ियों को लीग में खेलने के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) तो जारी कर दिए हैं, लेकिन अब खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर अंतिम फैसला सरकार के पाले में डाल दिया है।
सरकार की मंजूरी का इंतजार
BCB ने हाल ही में मुस्तफिजुर रहमान समेत छह प्रमुख खिलाड़ियों को PSL के 11वें सीजन के लिए मंजूरी दी थी। हालांकि, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच बढ़ते क्षेत्रीय तनाव और सुरक्षा स्थितियों को देखते हुए बोर्ड अब सतर्क हो गया है। BCB के क्रिकेट ऑपरेशंस चेयरमैन नजमुल आबेदीन ने स्पष्ट किया है कि सामान्य परिस्थितियों में सरकार से अनुमति की जरूरत नहीं होती, लेकिन वर्तमान स्थिति “सामान्य” नहीं है। खिलाड़ियों के लिए जोखिम (Risk Factor) को देखते हुए सरकार से सलाह ली जाएगी। यदि सरकार सुरक्षा का आश्वासन देती है, तभी खिलाड़ी पाकिस्तान की यात्रा करेंगे।
BCB की दोहरी चुनौती
BCB इस वक्त दो मोर्चों पर संघर्ष कर रहा है। एक तरफ सुरक्षा की चिंता है, तो दूसरी तरफ न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू सीरीज की तैयारी। बोर्ड ने खिलाड़ियों को केवल आंशिक (Partial) NOC दी है ताकि वे अप्रैल में न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली महत्वपूर्ण वनडे सीरीज के लिए उपलब्ध रहें। यह सीरीज 2027 वनडे वर्ल्ड कप क्वालिफिकेशन के लिहाज से भारत के लिए बेहद अहम है। यदि खिलाड़ी PSL खेलने जाते हैं, तो वे न्यूजीलैंड सीरीज के लिए होने वाले तैयारी शिविर (Preparatory Camp) का हिस्सा नहीं बन पाएंगे।
मुस्तफिजुर रहमान पर खास नजर
दिग्गज तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को लेकर स्थिति और भी पेचीदा है। पहले वे आईपीएल (IPL) में कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) का हिस्सा थे, लेकिन भारत-बांग्लादेश के बीच राजनीतिक तनाव के कारण उन्हें रिलीज कर दिया गया था। अब PSL में उनके खेलने पर भी संशय के बादल मंडरा रहे हैं। उन्हें 26 मार्च से 12 अप्रैल और फिर 24 अप्रैल से 3 मई तक के लिए दो चरणों में NOC दी गई है।
PSL में शामिल होने वाले अन्य खिलाड़ी
मुस्तफिजुर के अलावा परवेज हुसैन इमोन, शरीफुल इस्लाम, नाहिद राणा, तंजिद हसन तमीम और रिशाद हुसैन को अलग-अलग फ्रेंचाइजी ने चुना है। पाकिस्तान में PSL के मुकाबले 26 मार्च से शुरू होने वाले हैं, जो फैसलाबाद और पेशावर जैसे नए केंद्रों सहित छह शहरों में खेले जाएंगे।


