पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के बीच ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने शांति बहाली और संघर्ष को समाप्त करने के लिए अपनी तीन प्रमुख शर्तें दुनिया के सामने रखी हैं। रूसी और पाकिस्तानी नेताओं से फोन पर बातचीत के बाद उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इन शर्तों का उल्लेख किया।
संघर्ष विराम के लिए ईरान की 3 शर्तें
- ईरान चाहता है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय और विरोधी पक्ष उसके मौलिक और वैध अधिकारों को औपचारिक रूप से स्वीकार करें।
- पेजेशकियन ने इस युद्ध (जिसे उन्होंने अमेरिका और इजरायल द्वारा थोपा हुआ बताया है) में हुए नुकसान की भरपाई या मुआवजे की मांग की है।
- अंतरराष्ट्रीय गारंटी: भविष्य में ईरान पर किसी भी प्रकार के हमले या सैन्य कार्रवाई को रोकने के लिए ठोस और बाध्यकारी अंतरराष्ट्रीय गारंटी सुनिश्चित की जाए।
राष्ट्रपति के बयान के प्रमुख अंश:
उन्होंने स्पष्ट किया कि ईरान क्षेत्र में शांति का समर्थक है, लेकिन अपनी संप्रभुता और गरिमा से समझौता नहीं करेगा।उन्होंने वर्तमान संकट के लिए सीधे तौर पर इजरायल (जायोनी शासन) और अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया। राष्ट्रपति ने पड़ोसी देशों को विश्वास दिलाया कि उनकी सेना उन पर हमला नहीं करेगी, बशर्ते उनकी जमीन का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ न हो।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब इजरायली हमलों में भारी तबाही हुई है और रिपोर्टों के अनुसार, ईरानी सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की मौत हुई है। उधर, अमेरिका में राष्ट्रपति ट्रंप ने भी संकेत दिए हैं कि वह जल्द ही इस युद्ध को समाप्त करना चाहते हैं, हालांकि दोनों पक्षों की शर्तों में अब भी बड़ा अंतर बना हुआ है।


