अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक चौंकाने वाला खुलासा करते हुए स्वीकार किया है कि ईरान से मिल रही जानलेवा धमकियों और कड़े सुरक्षा खतरों के कारण उन्हें तुर्किये में एक साधारण मालवाहक ट्रक में छिपकर अपना विमान बदलना पड़ा था। न्यू जर्सी स्थित अपने बेडमिंस्टर गोल्फ क्लब में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने ईरान पर जमकर निशाना साधा और ‘हॉर्मुज जलडमरूमध्य’ (Strait of Hormuz) पर पूर्ण अमेरिकी नियंत्रण की चेतावनी दी।
तुर्किये की घटना का सनसनीखेज खुलासा
- ट्रक में छिपने का फैसला: सुरक्षा एजेंसियों को गुप्त सूचना मिली थी कि ट्रंप के आधिकारिक विमान ‘एयर फोर्स वन’ को निशाना बनाया जा सकता है। इसके चलते तुर्किये में लैंडिंग के बाद उन्हें एक बंद ट्रक में बैठाकर दूसरे सुरक्षित विमान तक ले जाया गया।
- धमकियों पर प्रतिक्रिया: ट्रंप ने कहा, “मुझे बहुत धमकियां मिलती हैं, खासकर ईरान से। उस दिन मुझे पहली बार अहसास हुआ कि राष्ट्रपति पद का सुरक्षा प्रोटोकॉल कितना कठिन हो सकता है।”
ईरान पर अविश्वास और ‘हॉर्मुज’ पर कड़ी चेतावनी
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान की नियत पर गहरा अविश्वास जताया और मध्य पूर्व की स्थिति पर कड़ा रुख अपनाया:
| विषय | ट्रंप का रुख / चेतावनी |
|---|---|
| ईरान पर भरोसा | “हम ईरान पर रत्ती भर भी भरोसा नहीं कर सकते। वे लगातार क्षेत्र को अस्थिर कर रहे हैं।” |
| हॉर्मुज जलडमरूमध्य | “अगर ईरान ने तेल टैंकरों का रास्ता रोकने की कोशिश की, तो अमेरिका इस समुद्री मार्ग पर पूर्ण सैन्य नियंत्रण कर लेगा।” |
| ऊर्जा संकट | वैश्वीकृत तेल आपूर्ति श्रृंखला को बाधित करने वाले किसी भी कदम का मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। |
वैश्विक तनाव और भारत पर असर
ट्रंप के इस बयान से पश्चिम एशिया में चल रहा सैन्य तनाव और गहरा गया है।
- खाड़ी क्षेत्र में हलचल: अमेरिकी नौसेना ने पहले ही हॉर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास अपनी गश्त बढ़ा दी है।
- तेल आपूर्ति पर खतरा: अगर हॉर्मुज मार्ग प्रभावित होता है, तो भारत सहित कई एशियाई देशों के लिए कच्चे तेल की कीमतें आसमान छू सकती हैं।
ट्रंप ने स्पष्ट किया कि अमेरिका अपनी सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक हितों की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार है।


