नए साल 2026 की शुरुआत के साथ ही न्यूयॉर्क शहर की राजनीति में एक नया इतिहास रचा गया है। भारतीय मूल के जौहरान ममदानी (Zohran Mamdani) ने न्यूयॉर्क सिटी के 112वें मेयर के रूप में शपथ ली है। वह इस प्रतिष्ठित पद पर आसीन होने वाले पहले मुस्लिम, पहले दक्षिण एशियाई और पहले अफ्रीकी मूल के व्यक्ति बन गए हैं।
शपथ ग्रहण और कुरान का ऐतिहासिक महत्व
जौहरान ममदानी ने 1 जनवरी 2026 को आधी रात के समय एक ऐतिहासिक और अनोखे समारोह में शपथ ली। उन्होंने पवित्र कुरान पर हाथ रखकर शपथ ली। न्यूयॉर्क के इतिहास में वह ऐसा करने वाले पहले मेयर हैं। उन्होंने कुल तीन कुरान का उपयोग किया—दो उनके दादा-दादी के थे और तीसरा 18वीं/19वीं शताब्दी का एक दुर्लभ पॉकेट-साइज कुरान था, जो न्यूयॉर्क पब्लिक लाइब्रेरी के संग्रह का हिस्सा है। शपथ ग्रहण समारोह मैनहट्टन के एक पुराने और बंद पड़े (Decommissioned) सिटी हॉल सबवे स्टेशन में हुआ। यह स्थान उनके सार्वजनिक परिवहन (Public Transit) को प्राथमिकता देने के वादे का प्रतीक था।
जौहरान ममदानी: एक नज़र में
| विवरण | जानकारी |
| जन्म | युगांडा (माता-पिता भारतीय मूल के) |
| माता-पिता | प्रसिद्ध फिल्म निर्देशक मीरा नायर और प्रसिद्ध विद्वान महमूद ममदानी |
| आयु | 34 वर्ष (पीढ़ियों में सबसे युवा मेयर) |
| राजनीतिक दल | डेमोक्रेटिक पार्टी (डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट्स ऑफ अमेरिका) |
| प्रमुख चुनावी वादे | किराया फ्रीज करना, फ्री बस सेवा, और अफोर्डेबल हाउसिंग। |
चुनावी सफर और चुनौतियां
ममदानी ने नवंबर 2025 के चुनाव में पूर्व गवर्नर एंड्रयू कुओमो और रिपब्लिकन कर्टिस स्लिव्हा को हराकर जीत दर्ज की। उनके चुनाव प्रचार के दौरान उन पर कई हमले हुए और उनके प्रतिद्वंद्वियों ने उन्हें ‘रेडिकल’ तक कहा, लेकिन उन्होंने युवा मतदाताओं और प्रवासियों के बीच मजबूत पकड़ बनाकर ऐतिहासिक जीत हासिल की।
मेयर बनते ही उन्होंने माइक फ्लिन को नया ट्रांसपोर्ट कमिश्नर नियुक्त किया है, जो उनके ‘ट्रांजिट-फर्स्ट’ एजेंडे को आगे बढ़ाएंगे।


