शाहिद कपूर की आने वाली फिल्म ‘ओ रोमियो’ (O Romeo) इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। इस फिल्म में शाहिद कपूर एक ऐसे गैंगस्टर का किरदार निभा रहे हैं, जिसका नाम सुनकर कभी मुंबई के अंडरवर्ल्ड में दाऊद इब्राहिम के भी पसीने छूट गए थे। यह किरदार है असल जिंदगी के गैंगस्टर हुसैन उस्तरा का।
यहाँ हुसैन उस्तरा और दाऊद इब्राहिम के बीच की उस खूनी दुश्मनी की पूरी कहानी दी गई है:
कौन था हुसैन उस्तरा? (The Razor-Sharp Gangster)
हुसैन उस्तरा मुंबई के डोंगरी इलाके का एक छोटा सा लेकिन निडर अपराधी था। असली नाम हुसैन शेख था। वह अपने समय का इकलौता ऐसा गैंगस्टर था जिसने सीधे दाऊद इब्राहिम की आंखों में आंखें डालकर उसे चुनौती दी थी।
दाऊद इब्राहिम के साथ ‘आमने-सामने’ की दुश्मनी
हुसैन उस्तरा और दाऊद की दुश्मनी के पीछे कई कारण थे, लेकिन सबसे प्रमुख कारण था अशरफ खान उर्फ ‘सपना दीदी’ का साथ। सपना दीदी के पति महमूद कालिया की हत्या दाऊद के इशारे पर की गई थी। पति की मौत का बदला लेने के लिए सपना दीदी ने दाऊद को खत्म करने की कसम खाई और इसमें हुसैन उस्तरा उनका सबसे बड़ा हथियार बना। कहा जाता है कि हुसैन उस्तरा ने सपना दीदी के साथ मिलकर शारजाह के क्रिकेट स्टेडियम में दाऊद इब्राहिम को मारने का फुलप्रूफ प्लान बनाया था। दाऊद को इस हमले की भनक लग गई थी, जिसके बाद वह हुसैन उस्तरा के नाम से खौफ खाने लगा था।
- उस्तरा का बेखौफ अंदाज: हुसैन उस्तरा ने दाऊद के कई गुर्गों को मुंबई की गलियों में सरेआम धूल चटाई थी। वह दाऊद के वर्चस्व को खुलेआम चुनौती देता था, जो उस दौर में किसी के लिए भी आत्मघाती कदम से कम नहीं था।
फिल्म ‘ओ रोमियो’ में क्या है खास?
विशाल भारद्वाज की फिल्म ‘ओ रोमियो’ इसी खूनी जंग और अंडरवर्ल्ड के काले पन्नों को पर्दे पर उतारेगी।
- शाहिद कपूर का लुक: शाहिद कपूर इस फिल्म में हुसैन उस्तरा का रफ-एंड-टफ किरदार निभा रहे हैं। उनके हाथ में उस्तरा और आंखों में दाऊद के लिए नफरत इस फिल्म की मुख्य हाईलाइट है।
- अंडरवर्ल्ड का अनकहा सच: फिल्म में दिखाया जाएगा कि कैसे एक छोटे से गैंगस्टर ने संसाधनों की कमी के बावजूद दाऊद के साम्राज्य की चूलें हिला दी थीं।
हुसैन उस्तरा का अंत
जैसा कि अंडरवर्ल्ड की दुनिया का दस्तूर है, हुसैन उस्तरा का अंत भी दर्दनाक रहा। दाऊद इब्राहिम ने धोखे से हुसैन उस्तरा की हत्या करवा दी थी। उनकी मौत के बाद सपना दीदी भी कमजोर पड़ गईं और बाद में दाऊद के गुर्गों ने उनकी भी हत्या कर दी।


