जनवरी 2026 के अंतिम सप्ताह में बैंकिंग सेवाओं पर बड़ा असर पड़ने वाला है। यह महत्वपूर्ण खबर है कि 24 जनवरी से 27 जनवरी 2026 तक लगातार चार दिनों तक बैंकों में कामकाज प्रभावित रहेगा।
छुट्टियों और हड़ताल
बैंकों की इस लंबी बंदी का मुख्य कारण लगातार तीन छुट्टियां और उसके तुरंत बाद बैंक कर्मियों की एक दिन की देशव्यापी हड़ताल है:
- 24 जनवरी (शनिवार): महीने का चौथा शनिवार होने के कारण बैंकों में अवकाश रहेगा।
- 25 जनवरी (रविवार): साप्ताहिक अवकाश।
- 26 जनवरी (सोमवार): गणतंत्र दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय अवकाश।
- 27 जनवरी (मंगलवार): यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर बैंक कर्मियों की देशव्यापी हड़ताल।
क्यों हो रही है हड़ताल?
बैंक कर्मचारी संगठनों की मुख्य मांग 5-डे वर्क वीक (सप्ताह में 5 दिन काम) लागू करना है। यूनियनों का कहना है कि सरकार के साथ इस मुद्दे पर सैद्धांतिक सहमति तो बनी थी, लेकिन इसे अभी तक आधिकारिक रूप से लागू नहीं किया गया है। इसके अलावा, वेतन संशोधन और अन्य लंबित मांगों को लेकर भी कर्मचारी आक्रोशित हैं। हड़ताल के कारण सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSBs) में चेक क्लियरिंग, कैश डिपॉजिट और अन्य शाखा संबंधी सेवाएं ठप रह सकती हैं।
ग्राहकों के लिए जरूरी सलाह
अग्रणी जिला बैंक प्रबंधक (LDM) और बैंक अधिकारियों ने ग्राहकों को सलाह दी है कि वे अपने जरूरी काम 23 जनवरी (शुक्रवार) तक ही निपटा लें। लगातार चार दिन बैंक बंद रहने से व्यावसायिक लेन-देन और चेक क्लियरिंग में देरी हो सकती है।
हालांकि, बैंक अधिकारियों ने आश्वस्त किया है कि इस दौरान एटीएम (ATM) में पर्याप्त नकदी उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, डिजिटल बैंकिंग, यूपीआई (UPI), इंटरनेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग सेवाएं हमेशा की तरह चालू रहेंगी, जिससे आम जनता को कम से कम असुविधा हो।


