प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 सितंबर को अपना 76वां जन्मदिन मना रहे हैं। मई 2014 में प्रधानमंत्री बनने के बाद से उनके नाम कई राजनीतिक और प्रशासनिक रिकॉर्ड दर्ज हुए हैं। 2024 में तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेकर उन्होंने लगातार तीन चुनावों के बाद सरकार बनाने के मामले में जवाहरलाल नेहरू के रिकॉर्ड की बराबरी की। वहीं जून 2026 में उन्होंने 1952 के बाद लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में नेहरू का रिकॉर्ड भी पीछे छोड़ दिया।
लगातार सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री
10 जून 2026 को मोदी ने लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में 4,399 दिन पूरे किए। इससे पहले यह रिकॉर्ड जवाहरलाल नेहरू के नाम था, जिन्होंने 1952 के पहले आम चुनाव के बाद लगातार 4,398 दिन प्रधानमंत्री के रूप में काम किया था। हालांकि, प्रधानमंत्री के रूप में कुल कार्यकाल की बात करें तो नेहरू अभी भी आगे हैं, क्योंकि उन्होंने 15 अगस्त 1947 से 27 मई 1964 तक पद संभाला था।
यह अंतर इसलिए है क्योंकि 1947 से 1952 तक नेहरू अंतरिम/पहली सरकार के प्रधानमंत्री थे और उस दौरान आम चुनाव नहीं हुए थे। इसलिए दोनों नेताओं के कार्यकाल की तुलना करते समय ‘कुल कार्यकाल’ और ‘चुनाव के बाद लगातार कार्यकाल’ अलग-अलग आंकड़े हैं।
गैर-कांग्रेसी प्रधानमंत्री के तौर पर रिकॉर्ड
मोदी भारत के सबसे लंबे समय तक पद पर रहने वाले गैर-कांग्रेसी प्रधानमंत्री बन चुके हैं। उन्होंने अटल बिहारी वाजपेयी के कुल प्रधानमंत्री कार्यकाल को पीछे छोड़ दिया है। 2014 और 2019 में भाजपा को लोकसभा में अपने दम पर बहुमत मिला था। 2024 में भाजपा बहुमत से नीचे रही, लेकिन एनडीए के समर्थन से मोदी ने तीसरी बार सरकार बनाई।
लगातार तीन बार प्रधानमंत्री बनने का रिकॉर्ड
2024 में तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेकर मोदी ने नेहरू के उस रिकॉर्ड की बराबरी की, जिसमें किसी नेता ने लगातार तीन आम चुनावों के बाद प्रधानमंत्री पद संभाला था। नेहरू ने 1952, 1957 और 1962 के चुनावों के बाद सरकार बनाई थी। मोदी ने 2014, 2019 और 2024 के चुनावों के बाद लगातार तीन कार्यकाल हासिल किए।
राज्य और केंद्र मिलाकर लंबा कार्यकारी सफर
मोदी का राजनीतिक कार्यकारी सफर केवल प्रधानमंत्री पद तक सीमित नहीं रहा। वह अक्तूबर 2001 से मई 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री रहे और इसके बाद मई 2014 से प्रधानमंत्री हैं। अमर उजाला के अनुसार, 22 मार्च 2026 को राज्य और केंद्र में लगातार सरकार के प्रमुख के रूप में उनका कुल कार्यकाल पवन कुमार चामलिंग के पुराने रिकॉर्ड से आगे निकल गया।
कौन से बड़े रिकॉर्ड अभी बाकी?
पहला—प्रधानमंत्री के रूप में कुल सबसे लंबा कार्यकाल। नेहरू कुल 6,131 दिन यानी 16 साल 286 दिन प्रधानमंत्री रहे। मोदी मई 2014 से पद पर हैं, इसलिए इस रिकॉर्ड को पार करने के लिए उन्हें अभी कई साल और प्रधानमंत्री रहना होगा।
दूसरा—चार बार प्रधानमंत्री बनने का रिकॉर्ड। मोदी अभी तीसरे कार्यकाल में हैं। अगर भविष्य में उन्हें चौथा कार्यकाल मिलता है, तो वह चार बार प्रधानमंत्री बनने वाले पहले भारतीय नेता होंगे। यह फिलहाल भविष्य की राजनीतिक स्थिति पर निर्भर है, इसलिए इसे मौजूदा उपलब्धि नहीं माना जा सकता।
तीसरा—लोकसभा में किसी एक पार्टी की सबसे बड़ी जीत। 2014 में भाजपा ने 282 और 2019 में 303 सीटें जीती थीं। लेकिन किसी एक पार्टी की सबसे बड़ी लोकसभा जीत का रिकॉर्ड 1984 में राजीव गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस की 414 सीटों की जीत के नाम है।
इस तरह मोदी ने लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के कार्यकाल और गैर-कांग्रेसी प्रधानमंत्री के रूप में कई महत्वपूर्ण रिकॉर्ड अपने नाम किए हैं, जबकि नेहरू के कुल प्रधानमंत्री कार्यकाल और लोकसभा में किसी एक पार्टी की सर्वाधिक सीटों जैसे ऐतिहासिक रिकॉर्ड अभी उनसे दूर हैं।


