नितेश तिवारी की बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘रामायण’ रिलीज से पहले ही चर्चा में है। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम, साई पल्लवी माता सीता और यश रावण की भूमिका में नजर आएंगे। अब रामानंद सागर के पोते और निर्माता-निर्देशक शिव सागर ने फिल्म की कास्टिंग को लेकर अपनी राय रखी है। उन्होंने रणबीर कपूर को भगवान राम के रूप में स्वीकार करने में असहजता जताई है, जबकि फिल्म के बाकी कलाकारों की तारीफ की है।
‘रणबीर को राम के रूप में स्वीकार नहीं कर सकता’
शिव सागर ने कहा कि रणबीर एक बेहतरीन अभिनेता हैं, लेकिन भगवान राम जैसे पवित्र और सांस्कृतिक रूप से बेहद संवेदनशील किरदार के लिए उन्हें कास्ट करना उन्हें सही नहीं लगता। उनके मुताबिक, अभिनेता की पिछली फिल्मों में निभाए गए किरदार दर्शकों की धारणा पर असर डाल सकते हैं। खास तौर पर ‘एनिमल’ में रणबीर का बेहद हिंसक और ग्रे शेड वाला किरदार उनकी राम की छवि के आड़े आ सकता है।
शिव सागर का मानना है कि राम जैसे किरदार के लिए किसी नए और अपेक्षाकृत अनजान चेहरे को मौका देना ज्यादा प्रभावी हो सकता था। उनका कहना है कि ऐसे कलाकार के साथ दर्शकों के मन में पहले से किसी दूसरे किरदार की छवि नहीं जुड़ी होती।
यश और साई पल्लवी की तारीफ
रणबीर की कास्टिंग पर सवाल उठाने के बावजूद शिव सागर ने फिल्म की दूसरी कास्ट को लेकर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने यश को रावण और साई पल्लवी को सीता के रूप में पसंद किया है। उनके मुताबिक इन कलाकारों की कास्टिंग में उन्हें ऐसी कोई बड़ी समस्या नजर नहीं आती।
शिव सागर ने यह भी स्पष्ट किया कि आखिरकार किसी कलाकार को दर्शक किस तरह स्वीकार करते हैं, यही सबसे महत्वपूर्ण होगा। यानी उनकी आपत्ति व्यक्तिगत पसंद से ज्यादा उस छवि को लेकर है, जो किसी अभिनेता के पुराने किरदारों से दर्शकों के मन में बनती है।
‘रामायण’ से जुड़ा है सागर परिवार का गहरा रिश्ता
शिव सागर की राय इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि उनका परिवार ‘रामायण’ की विरासत से सीधे जुड़ा रहा है। उनके दादा रामानंद सागर ने 1987 में दूरदर्शन के लिए ऐतिहासिक टीवी धारावाहिक ‘रामायण’ बनाया था। उस सीरियल में अरुण गोविल के राम और दीपिका चिखलिया की सीता की छवि आज भी दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय है।
नितेश तिवारी की नई ‘रामायण’ इसी वजह से लगातार तुलना और चर्चा के केंद्र में है। फिल्म में रणबीर कपूर, साई पल्लवी और यश जैसे बड़े सितारों की मौजूदगी ने उम्मीदें बढ़ा दी हैं। अब फिल्म रिलीज के बाद दर्शक रणबीर को भगवान राम के रूप में किस तरह स्वीकार करते हैं, इस पर सभी की नजर रहेगी।


