बिहार की राजनीति में आरोपों-प्रत्यारोपों का दौर एक बार फिर बेहद दिलचस्प मोड़ पर पहुंच गया है। जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी आवास (10, सर्कुलर रोड) को खाली न करने की जिद पर लालू परिवार पर एक बड़ा और चौंकाने वाला दावा किया है। जेडीयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोप लगाया है कि लालू परिवार इस बंगले को राजनीतिक कारणों से नहीं, बल्कि तंत्र-मंत्र और अंधविश्वास के चलते खाली नहीं करना चाहता।
परिसर में तरह-तरह के टोटके कर रहे
जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने दावा किया कि राबड़ी आवास के भीतर बड़े पैमाने पर अंधविश्वास का खेल चल रहा है। नीरज कुमार ने कहा कि लालू परिवार को सत्ता छिनने और जेल जाने का इतना डर है कि वे बंगले को बचाने के लिए तरह-तरह के टोटके कर रहे हैं।
जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने राबड़ी आवास (10, सर्कुलर रोड) को लेकर अपने आरोपों को और धार देते हुए एक नया और बड़ा दावा किया है। उनका कहना है कि इस बंगले को खाली न करने के पीछे एक बहुत बड़ा राज छिपा हुआ है। जेडीयू नेता ने मांग की है कि 10 सर्कुलर रोड स्थित आवास परिसर की भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) या पुरातत्व विभाग की मदद से पूरी खुदाई करवाई जानी चाहिए। उनका दावा है कि इस आलीशान सरकारी बंगले के परिसर के भीतर कई गुप्त तहखाने बने हो सकते हैं, जिन्हें लालू परिवार दुनिया की नजरों से छिपाकर रखना चाहता है।
- छिपे खजाने और दस्तावेजों का आरोप: नीरज कुमार का आरोप है कि इन संभावित तहखानों के भीतर बड़ी मात्रा में बेनामी जमीनों के दस्तावेज, सोना, चांदी और करोड़ों रुपये कैश (काला धन) छिपाकर रखे गए हैं। इसी डर से लालू परिवार इस आवास को छोड़ने के लिए तैयार नहीं हो रहा है।
2. ‘बंगले मोह’ पर उठाए सवाल
जेडीयू ने लालू परिवार के ‘बंगले मोह’ पर तंज कसते हुए कई कानूनी और नैतिक सवाल खड़े किए हैं। जेडीयू का कहना है कि जब राबड़ी देवी या उनके परिवार का कोई सदस्य अब उस पद पर नहीं है जिसके तहत यह श्रेणी का बंगला आवंटित होता है, तो इसे खाली न करना सीधे तौर पर सरकारी नियमों का उल्लंघन है। नीरज कुमार ने निशाना साधते हुए कहा कि पटना और पूरे बिहार में लालू परिवार के पास मॉल, जमीन और आलीशान मकानों की कोई कमी नहीं है, फिर भी वे एक सरकारी आवास को इस कदर जकड़े हुए हैं। “लालू परिवार को न तो जनता की परवाह है और न ही कानून की। वे केवल तंत्र-मंत्र के सहारे अपनी राजनीतिक नैया पार लगाना चाहते हैं। 10 सर्कुलर रोड का परिसर अब राजनीतिक गतिविधियों का नहीं, बल्कि अंधविश्वास और बलि देने का अड्डा बन चुका है, इसलिए वे इसे खाली करने का नाम नहीं ले रहे।”
आरजेडी (RJD) का पलटवार
जेडीयू के इन गंभीर और अजीबोगरीब दावों पर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने भी कड़ी प्रतिक्रिया दी है। आरजेडी प्रवक्ताओं ने जेडीयू के आरोपों को पूरी तरह बेबुनियाद, मानसिक दिवालियापन और घटिया स्तर की राजनीति करार दिया है। आरजेडी का कहना है कि जेडीयू के पास विकास के मुद्दों पर बोलने के लिए कुछ नहीं है, इसलिए वे इस तरह के मनगढ़ंत और व्यक्तिगत आरोप लगा रहे हैं। बहरहाल, इस ‘बंगला पॉलिटिक्स’ ने बिहार के सियासी पारे को एक बार फिर गरमा दिया है।


