पश्चिम बंगाल की राजनीति के लिए आज ‘महामुकाबला’ का दिन है। पिछले कई हफ्तों से चल रही चुनावी गहमागहमी, रैलियों के शोर और तीखी बयानबाजी के बाद आज वह घड़ी आ गई है, जब मतपेटियों (EVM) से जनता का फैसला बाहर निकलेगा। आज सुबह 8:00 बजे से मतगणना शुरू हो जाएगी और दोपहर तक यह साफ होने लगेगा कि बंगाल की सत्ता की चाबी एक बार फिर ‘दीदी’ (ममता बनर्जी) के पास रहेगी या ‘मोदी’ के नेतृत्व में भाजपा राज्य में पहली बार सरकार बनाकर इतिहास रचेगी।
बंगाल का सियासी रण: साख की लड़ाई
पश्चिम बंगाल की 294 सीटों में से 293 सीटों पर आज नतीजे घोषित किए जाएंगे (फालटा सीट पर पुनर्मतदान के कारण वहां 24 मई को नतीजे आएंगे)। इस चुनाव को तृणमूल कांग्रेस (TMC) के अस्तित्व और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विस्तारवाद के बीच की सबसे बड़ी जंग माना जा रहा है।
- ममता बनर्जी: उनके लिए यह सत्ता विरोधी लहर (anti-incumbency) को मात देकर चौथी बार मुख्यमंत्री बनने की चुनौती है।
- पीएम मोदी/बीजेपी: भाजपा ने इस चुनाव में अपनी पूरी ताकत झोंक दी है, जिससे यह मुकाबला पूरी तरह से ‘दीदी बनाम मोदी’ के चेहरे पर केंद्रित हो गया है।
पांच राज्यों के नतीजों पर भी टिकी निगाहें
सिर्फ बंगाल ही नहीं, बल्कि आज चार अन्य राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के भविष्य का भी फैसला होगा:
- तमिलनाडु (234 सीटें): यहां डीएमके (DMK) और एआईएडीएमके (AIADMK) के बीच परंपरागत मुकाबला है, जिसमें विजय की पार्टी ‘टीवीके’ (TVK) के प्रदर्शन पर सबकी नजर है।
- केरल (140 सीटें): क्या वामपंथी गठबंधन (LDF) अपनी सत्ता बरकरार रख पाएगा या कांग्रेस नीत UDF की वापसी होगी?
- असम (126 सीटें): भाजपा के लिए अपना किला बचाने की चुनौती है, तो कांग्रेस के लिए खोई जमीन पाने का मौका।
- पुडुचेरी (30 सीटें): यहां भी छोटे लेकिन महत्वपूर्ण चुनावी परिणाम आज सामने आएंगे।
मतगणना की तैयारी और सुरक्षा
चुनाव आयोग ने मतगणना केंद्रों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। सबसे पहले पोस्टल बैलेट की गिनती होगी, जिसके ठीक आधे घंटे बाद EVM के वोटों की गिनती शुरू की जाएगी। बंगाल के संवेदनशील इतिहास को देखते हुए अर्धसैनिक बलों की भारी तैनाती की गई है ताकि किसी भी तरह की हिंसा को रोका जा सके।
आज का परिणाम न केवल राज्यों की सत्ता तय करेगा, बल्कि 2029 के लोकसभा चुनावों के लिए भी एक मजबूत राष्ट्रीय विमर्श (narrative) तैयार करेगा। क्या बंगाल में ‘खेला’ होगा या ‘परिवर्तन’? कुछ ही घंटों में तस्वीर साफ हो जाएगी।


