अमेरिका ने भारत को ‘पैक्स सिलिका’ (Pax Silica) में शामिल होने के लिए आधिकारिक न्योता भेजा है। यह कदम न केवल दोनों देशों के बीच तकनीकी सहयोग को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा, बल्कि वैश्विक राजनीति और आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) में चीन के दबदबे को चुनौती देने की दिशा में एक बड़ा रणनीतिक हथियार माना जा रहा है।
क्या है पैक्स सिलिका?
‘पैक्स सिलिका’ (Pax Silica) एक वैश्विक रणनीतिक ढांचा है, जिसका उद्देश्य सेमीकंडक्टर (चिप) के उत्पादन, डिजाइन और आपूर्ति श्रृंखला पर लोकतांत्रिक देशों का नियंत्रण स्थापित करना है।
- नाम का अर्थ: ‘पैक्स’ का अर्थ है शांति और ‘सिलिका’ सेमीकंडक्टर चिप्स बनाने में इस्तेमाल होने वाला मुख्य तत्व है। यह शब्द ऐतिहासिक ‘पैक्स रोमाना’ (रोमन शांति) की तर्ज पर गढ़ा गया है, जो यह दर्शाता है कि भविष्य की वैश्विक शांति और शक्ति का केंद्र ‘चिप तकनीक’ होगी।
- उद्देश्य: इसका मुख्य लक्ष्य सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम से चीन जैसी तानाशाही शक्तियों की निर्भरता को खत्म करना और एक ‘विश्वसनीय आपूर्ति श्रृंखला’ बनाना है।
भारत के लिए इसका महत्व
अमेरिका द्वारा भारत को दिया गया यह आमंत्रण कई मायनों में ऐतिहासिक है:
- रणनीतिक मजबूती: भारत पहले से ही अमेरिका के साथ iCET (इनीशिएटिव ऑन क्रिटिकल एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजी) पर काम कर रहा है। पैक्स सिलिका में शामिल होने से भारत को अत्याधुनिक चिप निर्माण तकनीक और विदेशी निवेश तक आसान पहुंच मिलेगी।
- चीन पर निर्भरता कम करना: वर्तमान में वैश्विक चिप बाजार के एक बड़े हिस्से पर चीन और ताइवान का नियंत्रण है। पैक्स सिलिका के जरिए भारत खुद को एक वैश्विक ‘चिप हब’ के रूप में स्थापित कर सकता है।
- रोजगार और अर्थव्यवस्था: भारत में सेमीकंडक्टर प्लांट (जैसे गुजरात का माइक्रोन प्लांट) लगने से हजारों उच्च-तकनीकी रोजगार पैदा होंगे और ‘मेक इन इंडिया’ को वैश्विक पहचान मिलेगी।
अमेरिका की रणनीति
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका ‘पैक्स सिलिका’ के माध्यम से एक ‘डिजिटल आयरन कर्टन’ (डिजिटल लौह आवरण) तैयार कर रहा है। इसमें शामिल होकर भारत, जापान और दक्षिण कोरिया जैसे देश मिलकर यह सुनिश्चित करेंगे कि भविष्य की एआई (AI) और सैन्य तकनीक सुरक्षित और भरोसेमंद हाथों में रहे।
क्या आप जानते हैं? वर्तमान में दुनिया के 90% से अधिक उन्नत सेमीकंडक्टर केवल एक कंपनी (TSMC, ताइवान) बनाती है। पैक्स सिलिका इसी एकाधिकार और भौगोलिक जोखिम को कम करने की एक कोशिश है।


