भारतीय क्रिकेट टीम ने एक बार फिर युवा स्तर पर अपनी वैश्विक बादशाहत कायम की है। 6 फरवरी 2026 को हरारे (जिम्बाब्वे) में खेले गए फाइनल में इंग्लैंड को 100 रनों से शिकस्त देकर भारत ने रिकॉर्ड छठी बार अंडर-19 विश्वकप का खिताब जीता। इस ऐतिहासिक जीत के नायक कप्तान आयुष म्हात्रे रहे, जो अब उन दिग्गज कप्तानों की सूची में शामिल हो गए हैं जिन्होंने भारत को अंडर-19 विश्व चैंपियन बनाया है।
चैंपियन कप्तानों की सूची: मोहम्मद कैफ से आयुष म्हात्रे तक
भारत ने अब तक कुल 6 बार यह ट्रॉफी उठाई है। यहाँ उन कप्तानों और उनके ऐतिहासिक दौर पर एक नजर है:
- मोहम्मद कैफ (2000): भारत को पहला अंडर-19 विश्वकप जिताने का श्रेय मोहम्मद कैफ को जाता है। उनकी कप्तानी में भारत ने फाइनल में श्रीलंका को हराया था। इसी टीम से युवराज सिंह जैसे सितारे निकले थे।
- विराट कोहली (2008): मलेशिया में खेले गए इस विश्वकप में विराट कोहली ने अपनी आक्रामक कप्तानी से भारत को दूसरी बार चैंपियन बनाया। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ डकवर्थ-लुईस नियम से मिली जीत ने विराट को वैश्विक पहचान दिलाई।
- उन्मुक्त चंद (2012): ऑस्ट्रेलिया में खेले गए फाइनल में उन्मुक्त चंद ने कप्तानी पारी (नाबाद शतक) खेलकर मेजबान टीम को हराया और भारत के नाम तीसरी ट्रॉफी की।
- पृथ्वी शॉ (2018): न्यूजीलैंड की धरती पर पृथ्वी शॉ के नेतृत्व में भारत ने चौथी बार खिताब जीता। इस टीम के कोच राहुल द्रविड़ थे और शुभमन गिल जैसे खिलाड़ी इसी बैच की देन हैं।
- यश ढुल (2022): यश ढुल ने वेस्टइंडीज में खेले गए विश्वकप में टीम की कमान संभाली और इंग्लैंड को हराकर भारत को पांचवीं बार चैंपियन बनाया।
- आयुष म्हात्रे (2026): अब इस फेहरिस्त में नया नाम आयुष म्हात्रे का जुड़ गया है। आयुष ने न केवल कुशल कप्तानी की, बल्कि फाइनल में 53 रनों की महत्वपूर्ण पारी खेलकर टीम को 411 के विशाल स्कोर तक पहुँचाने में अहम भूमिका निभाई।
आयुष म्हात्रे: एक नया सितारा
पालघर (महाराष्ट्र) के रहने वाले आयुष म्हात्रे ने इस टूर्नामेंट में अपनी परिपक्वता से सबको प्रभावित किया।
- प्रदर्शन: उन्होंने टूर्नामेंट के 7 मैचों में 214 रन बनाए और अपनी ऑफ-स्पिन गेंदबाजी से 7 विकेट भी झटके।
- नेतृत्व: फाइनल में जब इंग्लैंड की टीम 412 रनों का पीछा करते हुए काउंटर-अटैक कर रही थी, तब आयुष ने गेंदबाजी में सटीक बदलाव कर मैच भारत की झोली में डाल दिया।
भारत का रिकॉर्ड दबदबा
भारत अब तक 10 बार इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुँच चुका है, जिनमें से 6 बार खिताब जीता है। 2026 की यह जीत रनों के अंतर (100 रन) से फाइनल की सबसे बड़ी जीत है।
अंडर-19 विश्वकप फाइनल: भारत की हार का इतिहास
| साल | विरोधी टीम | नतीजा | विवरण |
| 2006 | पाकिस्तान | हार (38 रन) | कोलंबो में खेले गए इस फाइनल में पाकिस्तान ने मात्र 109 रन बनाए थे, लेकिन भारतीय टीम महज 71 रनों पर ढेर हो गई। |
| 2016 | वेस्टइंडीज | हार (5 विकेट) | मीरपुर (बांग्लादेश) में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 145 रन बनाए थे, जिसे वेस्टइंडीज ने 3 गेंद शेष रहते हासिल कर लिया। |
| 2020 | बांग्लादेश | हार (3 विकेट) | पोटचेफस्ट्रूम (द. अफ्रीका) में बारिश प्रभावित मैच में डकवर्थ-लुईस नियम के तहत बांग्लादेश ने भारत को हराकर पहली बार खिताब जीता। |
| 2024 | ऑस्ट्रेलिया | हार (79 रन) | बेनोनी (द. अफ्रीका) में ऑस्ट्रेलिया के 253 रनों के जवाब में भारतीय टीम 174 रनों पर सिमट गई थी। |
लगातार फाइनल: भारत ने 2016 से लेकर 2026 तक लगातार 6 बार विश्वकप के फाइनल में पहुँचने का अद्भुत रिकॉर्ड बनाया है।
वापसी: 2024 में ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद, भारत ने 2026 में इंग्लैंड को हराकर जोरदार वापसी की और अपना छठा खिताब जीता।


