भारतीय रेल नेटवर्क में एक नए युग की शुरुआत हो रही है। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुलेट ट्रेन परियोजना और वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को लेकर कई महत्वपूर्ण अपडेट साझा किए हैं, जो देश के बुनियादी ढांचे में बड़े बदलाव का संकेत देते हैं। हाँ, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के नवीनतम बयान के अनुसार, 15 अगस्त 2027 को भारत की पहली बुलेट ट्रेन का आधिकारिक उद्घाटन होने की पूरी संभावना है। नए साल (2026) के अवसर पर मीडिया से बात करते हुए रेल मंत्री ने इसके संचालन को लेकर एक स्पष्ट टाइमलाइन साझा की है। यहाँ इसके मुख्य विवरण दिए गए हैं:
बुलेट ट्रेन लॉन्च का फेज-वाइज़ प्लान
रेल मंत्री ने स्पष्ट किया है कि 15 अगस्त 2027 को ट्रेन पूरे रूट (मुंबई से अहमदाबाद) पर नहीं, बल्कि चरणबद्ध तरीके (Phased Manner) से शुरू होगी:
- पहला चरण (15 अगस्त 2027): सबसे पहले यह ट्रेन सूरत से बिलीमोरा (या सूरत से वापी के बीच लगभग 100 किमी) के हिस्से में शुरू की जाएगी।
- दूसरा चरण: इसके बाद वापी से सूरत और फिर वापी से अहमदाबाद तक का रूट खोला जाएगा।
- पूरा रूट (2029): मुंबई से अहमदाबाद के बीच पूरे 508 किलोमीटर के कॉरिडोर को 2029 तक पूरी तरह चालू करने का लक्ष्य रखा गया है।
प्रोजेक्ट की वर्तमान स्थिति (जनवरी 2026 तक)
- कार्य प्रगति: परियोजना का लगभग 55% से अधिक भौतिक कार्य पूरा हो चुका है।
- इन्फ्रास्ट्रक्चर: 320 किमी से अधिक का वायाडक्ट (पुल) तैयार है और अधिकांश नदियों पर पुलों का काम पूरा हो गया है।
- अंडर-सी टनल: मुंबई के पास समुद्र के नीचे बनने वाली 21 किमी लंबी सुरंग का काम भी तेजी से चल रहा है।
15 अगस्त 2027 को भारत का “बुलेट ट्रेन सपना” हकीकत में बदल जाएगा, लेकिन शुरुआत गुजरात के विशिष्ट खंडों से होगी।
बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट: मील का पत्थर और जापानी तकनीक
रेल मंत्री ने महाराष्ट्र के पालघर जिले में माउंटेन टनल-5 (MT-5) के सफल ‘ब्रेक-थ्रू’ की घोषणा की। यह राज्य की पहली माउंटेन टनल है। बुलेट ट्रेन परियोजना की मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:
- टनल नेटवर्क: पूरी परियोजना में कुल 7 माउंटेन टनल और एक अंडर-सी (समुद्र के नीचे) टनल शामिल हैं।
- जे-स्लैब (J-Slab) इनोवेशन: ट्रैक बिछाने के लिए जापान की अत्याधुनिक ‘जे-स्लैब’ तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। ये प्री-कास्ट कंक्रीट स्लैब फैक्ट्री में तैयार होकर साइट पर मशीनों द्वारा बिछाए जाते हैं।
- रूट और स्टेशन: मुंबई (BKC) से साबरमती के बीच कुल 12 स्टेशन होंगे। इनमें महाराष्ट्र के 4 और गुजरात के 8 स्टेशन शामिल हैं।
वंदे भारत स्लीपर: आधुनिकता और क्षेत्रीय स्वाद
लंबी दूरी की यात्रा को आरामदायक बनाने के लिए हावड़ा और गुवाहाटी के बीच भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू की जा रही है। इसकी खासियतें निम्नलिखित हैं:
- बेहतर डिजाइन: ट्रेन की बोगियों को नए सस्पेंशन और एर्गोनोमिक इंटीरियर के साथ पूरी तरह से नया डिजाइन दिया गया है।
- सुरक्षा: इसमें अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार सुरक्षा और सिक्योरिटी पैरामीटर्स को अपडेट किया गया है।
- क्षेत्रीय खान-पान: यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए, गुवाहाटी से चलने वाली ट्रेन में असमिया और कोलकाता से चलने वाली ट्रेन में बंगाली भोजन परोसा जाएगा।


