भारतीय टेस्ट और वनडे टीम के कप्तान शुभमन गिल रणजी ट्रॉफी में अपनी छाप छोड़ने में नाकाम रहे। छत्तीसगढ़ के खिलाफ रविवार को खेले जा रहे मुकाबले में पंजाब की ओर से बल्लेबाजी करने उतरे गिल महज एक रन बनाकर पवेलियन लौट गए। बाएं हाथ के स्पिनर अजय मंडल ने उन्हें बोल्ड कर दिया। न्यूजीलैंड दौरे से पहले लाल गेंद से अभ्यास करने के इरादे से घरेलू क्रिकेट में उतरे गिल की इस नाकामी से पंजाब की टीम दबाव में आ गई।
पांच गेंद खेलकर बनाए सिर्फ एक रन
रणजी ट्रॉफी 2026-27 के दूसरे दौर में पंजाब और छत्तीसगढ़ के बीच मुकाबला न्यू चंडीगढ़ के पीसीए इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जा रहा है। पंजाब ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। शुरुआत में विहान मल्होत्रा और हरनूर सिंह ने संभलकर बल्लेबाजी की और पहले विकेट के लिए 55 रन जोड़े।
हालांकि, शुरुआती साझेदारी टूटने के बाद पंजाब की पारी लड़खड़ा गई। हरनूर सिंह को अजय मंडल ने आउट किया, जबकि धर्मेंद्रसिंह जडेजा ने विहान मल्होत्रा को पवेलियन भेजा। इसके बाद चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करने आए गिल से टीम को बड़ी पारी की उम्मीद थी, लेकिन वह पांच गेंदों में एक रन बनाकर बोल्ड हो गए। <Cite refs={[“turn311836news6″,”turn311836search0”]}/>
न्यूजीलैंड दौरे से पहले अभ्यास का मौका
गिल के लिए यह मुकाबला काफी अहम माना जा रहा था। आगामी न्यूजीलैंड दौरे से पहले उन्हें लाल गेंद से अभ्यास करने का अवसर मिला था। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में व्यस्त कार्यक्रम के कारण खिलाड़ियों को टेस्ट मैचों की तैयारी के लिए सीमित समय मिल पाता है। ऐसे में रणजी ट्रॉफी का यह मुकाबला गिल के लिए अपनी तकनीक और लय को परखने का मौका था।
गिल इससे पहले वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज में शानदार प्रदर्शन कर चुके थे। उन्होंने उस सीरीज में 334 रन बनाए थे और भारतीय टीम की 2-1 से जीत में अहम भूमिका निभाई थी। हालांकि, घरेलू क्रिकेट में उनका बल्ला नहीं चला और वह बड़ी पारी खेलने से चूक गए।
पंजाब पर बढ़ा दबाव
छत्तीसगढ़ के गेंदबाजों ने शुरुआती विकेट लेकर पंजाब की बल्लेबाजी को दबाव में ला दिया। गिल जैसे अनुभवी बल्लेबाज का जल्दी आउट होना टीम के लिए बड़ा झटका रहा। शुरुआती सत्र में विकेट गिरने से पंजाब को पारी संभालने के लिए मध्यक्रम पर निर्भर रहना पड़ा।
अब पंजाब की कोशिश पारी को स्थिरता देने और सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचने की होगी। वहीं, गिल की नजर आगामी अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों से पहले अपनी बल्लेबाजी की लय वापस पाने पर रहेगी। रणजी ट्रॉफी में उनका यह प्रदर्शन भले ही निराशाजनक रहा हो, लेकिन न्यूजीलैंड दौरे से पहले उनके पास तैयारी के अन्य अवसर भी होंगे।


