पाकिस्तान के बलूचिस्तान में आसमान में दिखाई दी एक रहस्यमय रोशनी और क्षेत्र में जारी सैन्य गतिविधियों के बाद सोशल मीडिया पर मिसाइल परीक्षण को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं। कुछ रिपोर्टों में दावा किया जा रहा है कि पाकिस्तान ने बलूचिस्तान के इलाके में परमाणु क्षमता वाली बैलिस्टिक मिसाइल का परीक्षण किया। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि वास्तव में कोई परमाणु-सक्षम मिसाइल टेस्ट किया गया था या आसमान में दिखाई दी रोशनी किसी अन्य सैन्य गतिविधि का परिणाम थी।
पाकिस्तान के पास कई ऐसी बैलिस्टिक मिसाइलें हैं जिन्हें परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम माना जाता है। Arms Control Association के अनुसार पाकिस्तान के पास कम और मध्यम दूरी की कई परमाणु-सक्षम बैलिस्टिक मिसाइल प्रणालियां हैं। इनमें अबाबील जैसी प्रणाली भी शामिल है, जिसके बारे में बहु-वारहेड क्षमता विकसित किए जाने की जानकारी सामने आती रही है।
बलूचिस्तान में क्यों उठे सवाल?
बलूचिस्तान पाकिस्तान के मिसाइल और रॉकेट परीक्षणों के लिए महत्वपूर्ण इलाका रहा है। यहां सोनमियानी फ्लाइट टेस्ट रेंज स्थित है, जिसका इस्तेमाल रॉकेट और अन्य परीक्षण गतिविधियों के लिए किया जाता रहा है। सोनमियानी कराची से करीब 50 किलोमीटर पश्चिम में स्थित है।
इसी वजह से क्षेत्र के आसमान में असामान्य रोशनी दिखाई देने की खबरों के बाद मिसाइल परीक्षण की संभावना को लेकर चर्चाएं शुरू हुईं। हालांकि, केवल आकाश में चमक या रोशनी दिखाई देने से यह निष्कर्ष निकालना संभव नहीं है कि कोई परमाणु-सक्षम बैलिस्टिक मिसाइल ही दागी गई थी।
क्या पाकिस्तान ने आधिकारिक पुष्टि की?
फिलहाल उपलब्ध रिपोर्टों में इस कथित परीक्षण की स्पष्ट आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। इसलिए इसे अभी पुष्ट मिसाइल परीक्षण के बजाय एक रिपोर्ट और उससे जुड़ी अटकल के रूप में देखना जरूरी है।
पाकिस्तान पहले भी मिसाइल परीक्षणों के लिए नोटम यानी NOTAM (Notice to Airmen) जारी करता रहा है। अगस्त 2026 में भी पाकिस्तान के हवाई क्षेत्र से संबंधित प्रतिबंध और एक अलग NOTAM के बाद 750 किलोमीटर तक की संभावित मिसाइल गतिविधि को लेकर अटकलें लगाई गई थीं। हालांकि उस समय भी संभावित फतह मिसाइल परीक्षण को लेकर रिपोर्टें थीं, लेकिन अटकल और आधिकारिक पुष्टि में अंतर बना रहा।
परमाणु मिसाइलों को लेकर संवेदनशील मामला
पाकिस्तान की मिसाइल प्रणालियां उसके परमाणु प्रतिरोधक ढांचे का अहम हिस्सा हैं। स्वतंत्र आकलनों के मुताबिक पाकिस्तान के पास परमाणु हथियारों का भंडार है और वह अलग-अलग दूरी की डिलीवरी प्रणालियां विकसित और तैनात करता रहा है।
ऐसे में बलूचिस्तान में किसी संभावित मिसाइल गतिविधि की खबर भारत-पाकिस्तान के मौजूदा तनाव के बीच खास महत्व रखती है। लेकिन जब तक पाकिस्तान की ओर से आधिकारिक जानकारी या स्वतंत्र विश्वसनीय प्रमाण सामने नहीं आते, रहस्यमय रोशनी को परमाणु मिसाइल परीक्षण का पक्का सबूत मानना जल्दबाजी होगी।


