बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान ‘ऑर्नब’ के तेज होने से पूर्वी और दक्षिणी भारत के कई राज्यों में मौसम का खतरा बढ़ गया है। तूफान के ओडिशा की ओर बढ़ने की आशंका के बीच मौसम विभाग और प्रशासन सतर्क हैं। आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना, छत्तीसगढ़ और पुडुचेरी में अलर्ट जारी किए जाने की खबर है। संभावित खराब मौसम को देखते हुए रेल यातायात पर भी असर पड़ा है और 53 ट्रेनों को रद्द करने का फैसला लिया गया है।
बंगाल की खाड़ी में तेज हुआ चक्रवाती सिस्टम
बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवाती सिस्टम के मजबूत होने से तटीय इलाकों में भारी बारिश और तेज हवाओं की आशंका बढ़ गई है। तूफान की दिशा और उसकी तीव्रता पर मौसम विभाग की नजर है। इसके प्रभाव से समुद्र में ऊंची लहरें उठ सकती हैं और तटीय क्षेत्रों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
ओडिशा में तूफान के संभावित प्रभाव को देखते हुए विशेष सतर्कता बरती जा रही है। तटीय जिलों में रहने वाले लोगों को मौसम संबंधी चेतावनियों पर ध्यान देने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है। मछुआरों को भी समुद्र में जाने से बचने की हिदायत दी जा सकती है, ताकि खराब मौसम के दौरान किसी तरह की दुर्घटना न हो।
पांच राज्यों में अलर्ट, बारिश से बढ़ सकती है परेशानी
चक्रवात के संभावित असर को देखते हुए आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना, छत्तीसगढ़ और पुडुचेरी में सतर्कता बढ़ाई गई है। इन क्षेत्रों में बारिश, तेज हवाओं और कुछ स्थानों पर जलभराव जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
भारी बारिश होने पर सड़कों पर पानी भरने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और यातायात प्रभावित होने की आशंका रहती है। प्रशासनिक एजेंसियों के लिए राहत और बचाव व्यवस्था तैयार रखना भी अहम हो गया है। लोगों को सलाह है कि वे मौसम विभाग की आधिकारिक सूचनाओं पर नजर रखें और बिना जरूरत घर से बाहर निकलने से बचें।
53 ट्रेनें रद्द, यात्रियों की बढ़ी परेशानी
चक्रवात के मद्देनजर रेल सेवाओं पर भी असर पड़ा है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 53 ट्रेनों को रद्द किए जाने की जानकारी सामने आई है। इससे त्योहार या अन्य जरूरी कामों के लिए यात्रा करने वाले यात्रियों की योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं।
रेलवे यात्रियों को सलाह दी जाती है कि स्टेशन के लिए निकलने से पहले अपनी ट्रेन का स्टेटस जरूर जांच लें। ट्रेन रद्द होने, मार्ग बदलने या समय में बदलाव की जानकारी संबंधित रेलवे जोन और आधिकारिक रेलवे पूछताछ माध्यमों से प्राप्त की जा सकती है। जिन यात्रियों ने पहले से टिकट बुक कराए हैं, उन्हें रिफंड और वैकल्पिक यात्रा की व्यवस्था से जुड़ी जानकारी भी देखनी चाहिए।
प्रशासन की तैयारी और लोगों के लिए जरूरी सावधानी
चक्रवात के दौरान तेज हवाओं, भारी बारिश और बिजली गिरने का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में लोगों को खुले मैदान, कमजोर ढांचों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहना चाहिए। तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को प्रशासन की ओर से जारी निकासी संबंधी निर्देशों का पालन करना चाहिए।
ओडिशा के पुरी, गंजाम, गजपति, रायगढ़ा और कोरापुट समेत कुछ जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। तूफान का असर आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में अधिक रहने की आशंका है।
ऐसे में अगले 24 से 48 घंटे प्रभावित क्षेत्रों के लिए अहम रहने वाले हैं। लोगों को प्रशासन के निर्देशों का पालन करना चाहिए और आपात स्थिति में सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए तैयार रहना चाहिए।


