फ्लाईदुबई की उड़ान में कथित कॉकपिट हमले के दौरान यात्रियों की जान बचाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की चर्चा देश-विदेश में हो रही है। इसी बीच कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने भी उनकी तारीफ की है। थरूर ने सोशल मीडिया पर कैप्टन स्मित के साहस को सराहा और कहा कि इस मामले में वह अपने देशवासियों के साथ खड़े हैं।
थरूर ने गुरुवार को कैप्टन स्मित से जुड़ी एक वीडियो साझा की। इसमें एक इजरायली महिला भारतीय पायलट की बहादुरी की तारीफ करती नजर आ रही है। वीडियो में वह बताती है कि किस तरह गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद स्मित ने विमान को बचाने की कोशिश जारी रखी और कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे। इसके बाद क्रू और यात्रियों को अंदर पहुंचने और कथित हमलावर को काबू करने में मदद मिली।
‘मैं देशवासियों के साथ हूं’
थरूर ने वीडियो साझा करते हुए कैप्टन स्मित की बहादुरी के प्रति समर्थन जताया। उनके बयान को कांग्रेस के भीतर अलग-अलग नेताओं के रुख के संदर्भ में भी देखा जा रहा है। हालांकि, थरूर ने अपने पोस्ट में राहुल गांधी का नाम लेकर कोई टिप्पणी नहीं की है। इस घटना को लेकर राहुल गांधी की ओर से सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आने पर भाजपा नेताओं ने सवाल उठाए हैं। भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि पूरी दुनिया कैप्टन स्मित की बहादुरी की चर्चा कर रही है, जबकि राहुल गांधी की ओर से अब तक कोई सार्वजनिक बयान नहीं आया।
खरगे भी कर चुके हैं तारीफ
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की सराहना की है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पायलट को सलाम करते हुए उनके साहस और कर्तव्य के प्रति समर्पण की प्रशंसा की थी। ऐसे में कांग्रेस के भीतर इस घटना को लेकर सार्वजनिक रूप से सामने आई प्रतिक्रियाओं में थरूर और खरगे दोनों ने पायलट की बहादुरी को रेखांकित किया है।
क्या हुआ था फ्लाईदुबई की उड़ान में?
फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी। उड़ान के दौरान सह-पायलट ने कथित तौर पर कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला किया। घटना के दौरान विमान करीब 14 हजार फीट नीचे आया। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद स्मित ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफलता हासिल की, जिसके बाद यात्रियों और क्रू ने हमलावर को काबू करने में मदद की। विमान को बाद में सऊदी अरब के तबुक में सुरक्षित उतारा गया। विमान में सवार 174 यात्रियों के सुरक्षित होने की जानकारी सामने आई है। घटना के कारणों की जांच जारी है और फ्लाईदुबई ने भी जल्दबाजी में किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से बचने की अपील की है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी कैप्टन स्मित की बहादुरी की सार्वजनिक रूप से तारीफ कर चुके हैं। बाद में दोनों के बीच वीडियो कॉल पर बातचीत भी हुई, जिसमें पायलट ने बताया कि हमले के दौरान वह हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे थे।
इस पूरे घटनाक्रम में थरूर की प्रतिक्रिया इसलिए चर्चा में है क्योंकि उन्होंने राजनीतिक बहस से अलग कैप्टन स्मित की बहादुरी और यात्रियों की जान बचाने में उनकी भूमिका को केंद्र में रखा है। राहुल गांधी को लेकर इससे आगे की राजनीतिक व्याख्याएं फिलहाल अलग-अलग दलों के दावों और प्रतिक्रियाओं पर आधारित हैं।


