प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को छत्तीसगढ़ के बस्तर में सुरक्षा बलों के जवानों के साथ दिवाली मनाई। इस दौरान उन्होंने सैनिकों को त्योहार की शुभकामनाएं दीं और उनके साहस, समर्पण तथा बलिदान की सराहना की। प्रधानमंत्री ने कहा कि देश का हर जवान उनके परिवार का हिस्सा है। उन्होंने नक्सलवाद के खिलाफ सुरक्षा बलों की सफलता का जिक्र करते हुए कहा कि जंगलों में नक्सली हिंसा का प्रभाव कम हुआ है, लेकिन अब देश के सामने ‘दिमागी नक्सलवाद’ की चुनौती भी है।
पीएम मोदी ने जवानों के बीच पहुंचकर उनके साथ समय बिताया। उन्होंने कहा कि सैनिक अपने परिवारों से दूर रहकर देश की सुरक्षा में जुटे रहते हैं। उनके त्याग और समर्पण के कारण ही देशवासी सुरक्षित माहौल में त्योहार मना पाते हैं। प्रधानमंत्री ने जवानों को भरोसा दिलाया कि पूरा देश उनके साथ खड़ा है।
नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई का किया जिक्र
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में बस्तर और आसपास के क्षेत्रों में नक्सलवाद के खिलाफ चलाए गए अभियानों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों के प्रयासों से नक्सली हिंसा के प्रभाव वाले इलाकों में बदलाव आया है। कभी जिन क्षेत्रों में भय और हिंसा का माहौल था, वहां अब विकास और विश्वास की नई शुरुआत हो रही है।
उन्होंने कहा कि नक्सलवाद केवल हथियारों से नहीं, बल्कि विचारों के स्तर पर भी चुनौती पेश करता है। जंगलों में सक्रिय हिंसक नेटवर्क कमजोर होने के बाद अब ‘दिमागी नक्सलवाद’ से सतर्क रहने की जरूरत है। प्रधानमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि हिंसा और भटकाव की विचारधारा को समाज में जगह नहीं मिलनी चाहिए।
जवानों को बताया देश की ताकत
पीएम मोदी ने कहा कि सुरक्षा बलों के जवान कठिन परिस्थितियों में काम करते हैं। दुर्गम जंगलों, पहाड़ी इलाकों और चुनौतीपूर्ण मौसम में भी वे अपनी जिम्मेदारी निभाते हैं। उनका समर्पण देश की सुरक्षा व्यवस्था की मजबूत नींव है।
उन्होंने जवानों के परिवारों के योगदान को भी याद किया। प्रधानमंत्री के मुताबिक, सैनिकों के परिवार भी उनके साथ त्याग करते हैं, क्योंकि त्योहारों और महत्वपूर्ण अवसरों पर उन्हें अपने प्रियजनों से दूर रहना पड़ता है।
विकास और शांति का नया संदेश
प्रधानमंत्री ने बस्तर में शांति, विकास और बेहतर भविष्य की उम्मीद जताई। उन्होंने कहा कि जिन इलाकों में पहले हिंसा के कारण विकास कार्य प्रभावित होते थे, वहां अब शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और अन्य सुविधाओं के विस्तार की संभावनाएं बढ़ रही हैं। बस्तर में जवानों के साथ दिवाली मनाकर प्रधानमंत्री ने सुरक्षा बलों के प्रति सम्मान और उनके मनोबल को बढ़ाने का संदेश दिया।


